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Monday, April 13, 2026

पखांजूर :p.v.39 इंद्रप्रस्थ में ‘बागली परंपरा खजूर भांगा’ का भव्य आयोजन, चरक पूजा की तैयारी तेज।

 पखांजूर/कांकेर से CNI NEWS शंकर सरकार की रिपोर्ट। मो-6268535584




पखांजूर :p.v.39 इंद्रप्रस्थ में ‘बागली परंपरा खजूर भांगा’ का भव्य आयोजन, चरक पूजा की तैयारी तेज।



 P.v. 39 इंद्रप्रस्थ क्षेत्र में आज पारंपरिक ‘बागली परंपरा खजूर भांगा’ का भव्य आयोजन संपन्न हुआ। यह आयोजन आगामी चरक पूजा से पूर्व किया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर अपनी आस्था प्रकट की। पूरे क्षेत्र में भक्तिमय वातावरण बना रहा और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ कार्यक्रम आयोजित किया गया।



इस परंपरा का विशेष महत्व बंगाली समुदाय में देखने को मिलता है। चैत्र माह के प्रारंभ से लेकर अंतिम दिन तक समुदाय के युवक और श्रद्धालु मिलकर विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों के माध्यम से इस पूजा को सफल बनाते हैं। इस दौरान अनुशासन और संयम का विशेष पालन किया जाता है।

श्रद्धालु पूरे महीने मांस, मछली एवं अन्य मांसाहारी भोजन का त्याग कर भगवान शिव की आराधना में लीन रहते हैं। यह समय पूरी तरह भक्ति, तप और संयम का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि चैत्र माह के अंतिम दिन भगवान शिव और माता पार्वती का विवाह संपन्न हुआ था, जिसके उपलक्ष्य में यह पूजा और अनुष्ठान किए जाते हैं।

कार्यक्रम के दौरान ‘खजूर भांगा’ की परंपरा विशेष आकर्षण का केंद्र रही, जिसमें श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। साथ ही, चरक पूजा की तैयारियां भी जोर-शोर से शुरू हो गई हैं, जिसे लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है।

स्थानीय आयोजकों और समिति के सदस्यों ने बताया कि यह परंपरा वर्षों से चली आ रही है, जो न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक एकता और सांस्कृतिक विरासत को भी मजबूत करती है। आयोजन के सफल संचालन में क्षेत्र के युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

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