बालोद
सीएन आई
बालोद डा श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 120वीं जयंती पर महिला मोर्चा के तत्वावधान में वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया।डौण्डी लोहारा भाजपा के प्रदेश व जिला संगठन के निर्देश पर पंडित श्यामा प्रसाद मुखर्जी जी के जयंती पर सभी डौंडीलोहारा मंडल की बूथों पर भाजपा पदाधिकारीयों के द्वारा वृक्षारोपण किया गया इसी तारतम्य में महिला मोर्चा मंडल अध्यक्ष पायल सोनी के अगुवाई में स्थानीय दंतेश्वरी मंदिर प्रांगण में वृहद वृक्षारोपण का कार्यक्रम आयोजित किया गया। महिला मोर्चा मंडल अध्यक्ष ने संबोधित करते हुए कहा कि
सबका साथ सबका विकास विश्वास की अवधारणा, उनकी दृष्टि मार्गदर्शक की तरह एकजुट हिन्दुस्तान की बुलंद आवाज़ थे डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी जी। मानवतावादी संस्कृति के प्रतीक के रूप में भारत की अनुकरणीय यात्रा गाथा इस पवित्र भूमि पर पल्लवीत हस्तियों के दूरदर्शी विचारों से ही संभव हो सकी है जब उत्तर आधुनिक युग में भारत की अवधारणा को सही परिप्रेक्ष्य में रखने के लिए प्रयास किए जा रहे थे उस समय डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के प्रयासों उनकी दृष्टि और कार्यो ने एकीकृत भारत के निर्माण के लिए राष्ट्रीय चेतना को सच्चे अर्थों में जगाने का कार्य किया है आज जब हम उनकी 120 वी जयंती मना रहे हैं यह उचित होगा कि हम नासिर स्वयं के लिए बल्कि आगामी पीढ़ी के लिए भी उनके विचारों को प्रेरणा के रूप में ग्रहण करें।
21 अक्टूबर 1951 को उन्होंने भारतीय जनसंघ की स्थापना की। दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी भारतीय जनता पार्टी उसी से निकली है। डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी भारत की संप्रभुता के मुद्दे पर किसी भी प्रकार का समझौता ना किए जाने के पक्षधर थे । 1951- 52 में हुए पहले आम चुनाव के दौरान जम्मू और कश्मीर को लेकर उनका रुख यही था कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 370 को निरस्त करके राज्य को पूरी तरह से भारत के संविधान के तहत लाया जाए। डॉक्टर मुखर्जी और मास्टर तारा सिंह के संघर्ष का ही परिणाम था कि पंजाब और बंगाल का आधा हिस्सा भारत का अभिन्न अंग बना रहा। वस्तुतः डॉक्टर मुखर्जी ने राष्ट्रीय एकता के लिए ही अपने प्राणों का उच्चतम बलिदान दिया। एक देश में दो विधान दो निशान दो प्रधान नहीं चलेंगे के उनके नारों ने लाखों राष्ट्र वादियों के ह्रदय मन मस्तिष्क और आत्मा पर अमित छाप छोड़ी। इसी के चलते अतीत में की गई भूल को सुधारते हुए 5 अगस्त 2019 को जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त कर दिया गया।
मोदी सरकार के लक्ष्य में डॉक्टर मुखर्जी की दृष्टि एक मार्गदर्शक की तरह है केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर और लद्दाख विकास के रास्ते पर तेजी से चल पड़े हैं मोदी सरकार के 7 साल से अधिक के कार्यकाल की मूल अवधारणा सबका साथ सबका विकास विश्वास पर चल पड़ी है श्यामा प्रसाद मुखर्जी के आदर्शों से प्रेरित है जब देश भारतीय राष्ट्रवाद के ध्वजवाहक डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहा है हमें एक गौरवशाली और सशक्त राष्ट्र के संबंध में उनके महान विचारों और बुद्धिमता का स्मरण रखना चाहिए। जो कार्य आरंभ करें गंभीरता से करें, और तब तक संतुष्ट ना हो जब तक अपना सर्वश्रेष्ठ था ना दे दें, उनकी यह विचारधाराओं को हम सबको आत्मसात करने की आवश्यकता है अतः विश्व में भारत की सर्वश्रेष्ठता को सिद्ध करने के लिए हमें इन महापुरुषों की गाथाओं को याद करना होगा और अपने जीवन पर आत्मसात करना होगा।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जयसवाल विशेष अतिथि के रुप में सुभद्रा टांडेकर जिला मंत्री मंडल ,उपाध्यक्ष लता गुप्ता, सांसद प्रतिनिधि धिरेन्द टांक उपस्थित थे ।इस अवसर पर पार्षद माया ठाकुर ,रहीमत कोसमा, जसोदा भूआर्य , जिला कार्यकारिणी सदस्य मीनू ठाकुर ,शहनाज बेगम मंडल कोषाध्यक्ष सहित अनेक महिला कार्यकर्ता उपस्थित थे।


















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