जिले मे शिक्षा और स्वास्थ्य सेवा मजबूत करने कलेक्टर गोपाल वर्मा की अनोखी पहल,शिक्षको की कमी वाले स्कूलो मे डीएमएफ मद से अतिथि शिक्षको की तैनाती, स्थानीयों को मिलेगा मौका स्वास्थ्य सुविधा बढ़ाने 11 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओ की होगी नियुक्ति,
खैरागढ़। जिले के स्कूलो में शिक्षकों और विषय विशेषज्ञों की कमी को जिला प्रशासन की पहल के बाद अब डीएमएफ मद से पूरा किया जाएगा। कलेक्टर गोपाल वर्मा ने ऐसे स्कूलों में अतिथि शिक्षको की व्यवस्था करने के निर्देश दिए है जो स्कूल शिक्षको की कमी से जूझ रहे है। स्कूलो में शिक्षको की व्यवस्था के अलावा स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं की तैनाती भी जिला प्रशासन डीएमएफ मद से करने की तैयारी कर चुकी है। जिले में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में बेहतर व्यवस्था बनाने कलेक्टर गोपाल वर्मा लगातार प्रयासरत थे । डीएमएफ मद से मिली राशि से शिक्षण और स्वास्थ्य सेवा की व्यवस्था बनाई जाएगी ।
85 से अधिक अतिथि शिक्षको की भर्ती स्थानीयों को मिलेगा रोजगार
जिले के प्राथमिक माध्यमिक और हाईस्कूल हायर सेंकेंडरी स्कूलों में शिक्षकों की कमी, एक शिक्षकीय स्कूल, सहित विषय विशेषज्ञ शिक्षक की व्यवस्था डीएमएफ मद से बनाए जाने की तैयारी है। शुरूआती चरण में जिले भर के स्कूलों में लगभग 85 शिक्षको की कमी सामने आई है। इसमे सेवानिवृति और तबादले की बाद की फिलहाल की ताजा स्थिति है । प्राथमिक शाला के एक शिक्षकीय स्कूलो मे एक अतिथि शिक्षक, माध्यमिक शालाओं में दो अतिथि शिक्षक और हाई तथा हायर सेंकेंडरी में जिन विषयों के शिक्षक नही है उन विषय विशेषज्ञ शिक्षको की तैनाती किए जाने की तैयारी है । इससे इस शिक्षण सत्र में जिले के शासकीय स्कूलो में छात्रों को शिक्षको की कमी से जूझना नहीं पड़ेगा। शिक्षा विभाग को निर्देश के बाद इसका खाका तैयार कर लिया गया है। जल्द ही अतिथि शिक्षको की तैनाती होगी । इसके लिए प्रशासन स्कूल वाले गांव पंचायत में ही उच्च शिक्षित बेरोजगार लोगों को इसमें तैनात करेगा । गांव और पंचायत स्तर पर नहीं होने पर आसपास और अन्य जगह से पात्र लोगों को मौका मिलेगा। अतिथि शिक्षको को जिला प्रशासन द्वारा मानदेय देने की तैयारी भी है हालांकि इसमें कितना मानदेय दिया जाना है यह आखिरी रूप से तय नहीं हो पाया है।
30 स्कूलो मे कमी, प्रदेश मे पहला जिला जहाँ ऐसी व्यवस्था
जिले भर के स्कूलो मे प्रारंभिक रूप में 30 से अधिक स्कूलो में शिक्षको की कमी सामने आई है। संभवत प्रदेश मे खैरागढ़ जिले में कलेक्टर गोपाल वर्मा ऐसी पहल कर रहे है। जिसमे डीएमएफ की मिली राशि का उपयोग पूरी तरह से शिक्षा और स्वास्थ्य के लिए ही किया जा रहा है। नए जिला निर्माण के बाद खुद का डीएमएफ फंड नहीं होने के बाद बालोद जिले से सहयोग के रूप में एक करोड़ की राशि जिले को मिली है। इसका पूरा उपयोग शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओ को मजबूत बनाने किया जा रहा है ।
11 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओ की होगी तैनाती
जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवा को मजबूत करने कलेक्टर गोपाल वर्मा ने स्वास्थ्य विभाग में 11 एएनएम की नियुक्ति के निर्देश भी दिए है। शहर सहित ग्रामीण क्षेत्री के स्वास्थ्य केन्द्रों में सेवानिवृत्ति और तबादले के बाद ग्रामीण स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं की कमी के चलते स्वास्थ्य सेवा लगातार बाधित हो रही है । शिकायत के बाद इसकी पूर्ति करने कलेक्टर ने डीएमएफ मद से 11 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं की भर्ती करने निर्देश देते इसे जल्द पूरा करने कहा है। ताकि इनकी नियुक्ति के बाद स्वास्थ्य सेवा मजबूत की जा सके । जिला प्रशासन की पहल के बाद शिक्षा सहित स्वास्थ्य अमला इसकी तैयारी में जुटा है।
जिले में एक शिक्षकीय सहित स्कूलो मे शिक्षको की कमी पूरा करा करने डीएमएफ मद से अतिथि शिक्षको के रूप में स्थानीय बेरोजगारी और अन्य लोगो को तैनात किया जाएगा । स्वास्थ्य कार्यकर्ताओ की भर्ती भी इसी तरह करेगें। ताकि जिले में शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था मजबूत हो सके ।
गोपाल वर्मा कलेक्टर खैरागढ़ छुईखदान गंडई
*सीएनआई न्यूज़ खैरागढ़ से सोमेश कुमार की रिपोर्ट*


















No comments:
Post a Comment
Please do not enter any spam link in the comment box.