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Wednesday, August 5, 2026

पीएम मत्स्य संपदा योजना से मछुआरों को मिलेगा निशुल्क बीमा, आर्थिक सहायता और अनुदान

 पीएम मत्स्य संपदा योजना से मछुआरों को मिलेगा निशुल्क बीमा, आर्थिक सहायता और अनुदान



सारंगढ़ बिलाईगढ़, 5 अगस्त 2026/प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (पीएमएमएसवाई) भारत सरकार की एक प्रमुख योजना है। प्रभारी अधिकारी एन पी ओगरे से प्राप्त जानकारी अनुसार, इस योजना में सामान्य वर्ग के लिए प्रोजेक्ट लागत का 40% और अनुसूचित जाति (एससी ), अनुसूचित जनजाति (एसटी ) वर्ग और महिलाओं के लिए प्रोजेक्ट लागत का 60% तक की वित्तीय सहायता अनुदान दिया जाता है। 


प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत सामूहिक दुर्घटना बीमा योजना चलाई जा रही है, जिसमें मत्स्य पालकों को 5 लाख तक का मुफ्त दुर्घटना बीमा, आंशिक विकलांगता पर 2.5 लाख, तथा अस्पताल के खर्च के लिए वित्तीय सहायता दी जाती है। इस योजना का प्रीमियम केंद्र और राज्य सरकार मिलकर वहन करती है। प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के अंतर्गत संचालित निःशुल्क दुर्घटना बीमा योजना मत्स्य पालकों और उनके परिवारों के लिए कठिन परिस्थितियों में आर्थिक सुरक्षा का प्रभावी माध्यम बन रही है। 


प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना का उद्देश्य देश में नीली क्रांति लाना,मछली और मछली पकड़ने वाले किसानों के लिए सामाजिक, भौतिक और आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करना एक मजबूत मत्स्यिकी प्रबंधन और लिमिटेड ढांचा तैयार करना है। मछली उत्पादन बढ़ाना, आधुनिक तकनीक अपनाना और मछुआरों की आय को बढ़ाना, मछली उत्पादन को बढ़ाना, कटाई के बाद के बुनियादी ढांचे (कोल्ड स्टोरेज, आइस प्लांट) में सुधार करना, रोजगार के नए अवसर पैदा करना है। साथ ही मछुआरों के कल्याण और सुरक्षा को सुनिश्चित करना और वित्तीय सहायता तथा सब्सिडी भी शामिल है। 


बीमा मत्स्य पालक परिवारों के लिए है सुरक्षा कवच


         प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत मत्स्य पालकों का निःशुल्क दुर्घटना बीमा कराया जाता है। इस योजना के माध्यम से पात्र हितग्राहियों को राष्ट्रीय मत्स्य विकास बोर्ड (एनएफडीबी), हैदराबाद के सहयोग से गो-डिजिट इंश्योरेंस कंपनी द्वारा बीमा दावों का भुगतान किया जाता है। योजना के प्रावधानों के अनुसार बीमित मत्स्य पालक की दुर्घटना में मृत्यु होने पर 5 लाख रुपए, स्थायी अथवा अस्थायी दिव्यांगता की स्थिति में 2.50 लाख रुपए तथा दुर्घटना के कारण अस्पताल में भर्ती होने पर 25 हजार रुपए तक की सहायता राशि बीमित व्यक्ति अथवा उसके नामिनी को प्रदान की जाती है। मत्स्य पालन विभाग ने बताया कि इस योजना का उद्देश्य मत्स्य पालन से जुड़े परिवारों को आकस्मिक दुर्घटनाओं की स्थिति में आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना तथा उनके जीवन-यापन को सहारा देना है। प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के माध्यम से मत्स्य पालकों को सामाजिक सुरक्षा का मजबूत आधार मिल रहा है, जिससे वे अधिक विश्वास और आत्मनिर्भरता के साथ मत्स्य पालन गतिविधियों से जुड़ रहे हैं।

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