Breaking

अपनी भाषा चुने

POPUP ADD

सी एन आई न्यूज़

सी एन आई न्यूज़ रिपोर्टर/ जिला ब्यूरो/ संवाददाता नियुक्ति कर रहा है - छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेशओडिशा, झारखण्ड, बिहार, महाराष्ट्राबंगाल, पंजाब, गुजरात, आंध्रप्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटका, हिमाचल प्रदेश, वेस्ट बंगाल, एन सी आर दिल्ली, कोलकत्ता, राजस्थान, केरला, तमिलनाडु - इन राज्यों में - क्या आप सी एन आई न्यूज़ के साथ जुड़के कार्य करना चाहते होसी एन आई न्यूज़ (सेंट्रल न्यूज़ इंडिया) से जुड़ने के लिए हमसे संपर्क करे : हितेश मानिकपुरी - मो. नं. : 9516754504 ◘ मोहम्मद अज़हर हनफ़ी - मो. नं. : 7869203309 ◘ सोना दीवान - मो. नं. : 9827138395 ◘ आशुतोष विश्वकर्मा - मो. नं. : 8839215630 ◘ सोना दीवान - मो. नं. : 9827138395 ◘ शिकायत के लिए क्लिक करें - Click here ◘ फेसबुक  : cninews ◘ रजिस्ट्रेशन नं. : • Reg. No.: EN-ANMA/CG391732EC • Reg. No.: CG14D0018162 

Sunday, September 13, 2026

धौलगिरी का शांति स्तूप :देश -विदेश के पर्यटकों और बौद्ध धर्मावलंबीयों की आस्था एवं आकर्षण का केंद्र है।

 धौलगिरी का शांति स्तूप :देश -विदेश के पर्यटकों और बौद्ध धर्मावलंबीयों की आस्था एवं आकर्षण का केंद्र है।     


         सी एन आइ न्यूज पुरुषोत्तम जोशी।                 भुवनेश्वर- ओड़िशा की राजधानी भुवनेश्वर की ऐतिहासिक एवं धार्मिक धरती पर स्थित शांति स्तूप पर्यटकों एवं बौद्ध अनुयायियों के विशेष आस्था और आकर्षण का केंद्र है।




 दया नदी के तट पर यह स्थल सम्राट अशोक के जीवन में आए ऐतिहासिक परिवर्तन की गाथा है।   




          मान्यता के अनुसार कलिंग युद्ध के बाद युद्धभूमि में हजारों लोगों की मृत्यु और चारों ओर बिखरे शवों को देखकर मगध सम्राट अशोक का हृदय द्रवित हो गया, युद्ध की विभिषिका ने उनके जीवन की दिशा बदल दी और वे चंडाशोक से धर्माशोक के रूप में जाने गए। 




इसके बाद उन्होंने बौद्ध धर्म अपनाया तथा शांति, अहिंसा और मानवता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।यह स्तूप बौद्ध धर्म के शांति का संदेश का प्रतीक माना जाता है। सफेद रंग का यह भव्य स्तूप पहाड़ी की ऊंचाई पर स्थित होने के कारण पर्यटकों को दूर से ही आकर्षित करता है।यह स्थान ऐतिहासिक महत्व के कारण ओड़िशा आने वाले पर्यटकों के लिए दर्शनीय स्थल हैं।                      धौल गिरी का शांति स्तूप आज भी दुनिया को यही संदेश देता है कि युद्ध से नहीं बल्कि शांति, करुणा और अहिंसा से मानवता का कल्याण संभव है।

No comments:

Post a Comment

Please do not enter any spam link in the comment box.

Hz Add

Post Top Ad