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Wednesday, May 6, 2020

शराब दुकान खोलने का निर्णय जनता के जान से खेलने जैसा -सुनील कुकरेज़ा

सुनील कुकरेज़ा
छत्तीसगढ़ (रायपुर) लोकहित संवाददाता । चुनाव पूर्व शराब बंदी की घोषणा के वादा खिलाफी पर उतर आए छ.ग. नित कांग्रेस सरकार ने अपने अड़ियल रवैय्ये के चलते जन स्वास्थ्य व कल्याण को धता बता कर आखिर शराब दुकानों को खोल ही दिया शराब दुकानों के खुलने के पूर्व सुबह से ही बड़ी संख्या मे शराब प्रेमी दुकान खुलने का इंतजार करते और फिज़िकल डिस्टेंसिंग का उल्लंघन करते नज़र आए। शिवसेना ने शराब दुकान खुलने के सरकार के फैसले का पुरजोर विरोध करते हुए इस निर्णय की निंदा की है, साथ ही राज्य सरकार के लॉक डाउन को शिथिल कर छूट देने के फैसले को जल्दबाजी करार देते हुए कहा कि चंद आपातकालीन अतिआवश्यक सेवाओं को छोड़ कर अभी राज्य सरकार को ऐसा निर्णय ना लेते हुए लॉक डाउन को 17 मई तक पूर्णतः पालन करने निर्देशित किया जाना चाहिए था।



राज्य सरकार द्वारा कोरोना विषाणु के संक्रमण से उत्पन्न महामारी के नियंत्रण कार्य निश्चित तौर पर काबिल-ए-तारीफ़ है किंतु लॉक डाउन में ढील और शराब दुकान खोले जाने के निर्णय से आम जन की बेवज़ह आवाजाही और भीड़ बढ़ने से कोरोना संक्रमण का संभावित खतरा अधिक बढ़ गया है।



शिवसेना ने व्यंग करते कहा हैकि एक तरफ शासन प्रशासन 'दुर्घटना से देर भली' और 'सावधानी हटी दुर्घटना घटी' जैसे स्लोगन के द्वारा लोगों को जागरूक करने का प्रयास करती है और इस संदेश के उलट खुद ही जल्दबाजी दिखाते हुए लापरवाही कर रही है। शासन प्रशासन ने एक अच्छी कोशिश कर अन्य राज्यों में फंसे छात्रों व मजदूरों को लाने का कार्य किया है, और अब मज़दूरों को वापस ला रही है और अन्य राज्य ले लोगों को उनके घर पहुंचा रही है। किंतु राज्य के बस्तर एवं सरगुज़ा जैसे आदिवासी बहुल संभाग व अन्य राज्यों से लगे सीमावर्ती क्षेत्रों में श्रमिक मजदूर बड़ी तादाद में पैदल ही जंगलो के रास्ते अपने घरों तक पहुंच गए हैंं, जिन्हें लेकर भी कोरोना संक्रमण के संभावित ख़तरे से इंंकार नही किया जा सकता यदि ऐसे क्षेत्रों से कोरोना संक्रमण के मामले आते हैं तो भी स्थिति विस्फोटक हो सकती है।



इस समय इसके लिए सावधानी और एहतियात बरतने की नितांत आवश्यकता है संवेदनशील बस्तर व सरगुज़ा संभाग पर विशेष निगरानी की आवश्यकता है, जिससे कोरोना महामारी रूपी आपदा पर नियंत्रण पाया जा सके। राज्य सरकार की सक्रियता व सचेत रहने के कारण अभी तक राज्य में सब कुछ अच्छा भला है किंतु थोड़ी चूक या लापरवाही से शासन प्रशासन के किये कराए पर पानी फिर सकता है इस लिए विशेष ध्यान देते हुए लोकहित में निर्णय कर राज्य को सुरक्षित रखने के प्रयासों को सफल करें। उन्होंने कहा हैकि स्थानीय क्षेत्रों में शिवसैनिकों द्वारा मदद पहुंचाया जा रहा है और किसी भी परिस्थिति में जब भी सरकार को शिवसैनिकों की मदद की आवश्यकता हो वे तत्काल उपस्थित मिलेंगे। उक्त बातें राजधानी रायपुर से शिवसेना नेता सुनील कुकरेजा ने एक पत्रविज्ञप्ति के माध्यम से कहीं हैं।

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