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Sunday, December 5, 2021

बीएसएफ को आधुनिक तकनीक उपलब्ध कराने सरकार प्रतिबद्ध - अमित शाह

 

अरविन्द तिवारी की रिपोर्ट

जैसलमेर - आज दुनियां का सबसे बड़ा सीमाओं का रक्षा करने वाला बल बीएसएफ है। सीमा सुरक्षा यानि देश की रक्षा बीएसएफ को दुनियां की बेहतरीन प्रौद्योगिकी मुहैय्या कराना सरकार की प्रतिबद्धता है। ड्रोन रोधी प्रौद्योगिकी विकसित की जा रही है , जल्द ही यह सुरक्षाबलों को मुहैया कराई जायेगी।आज कोई भी हमारी सीमा और सेनाओं को हल्के में नहीं ले सकता , भारत ने दुनियां को कड़ा संदेश दिया है।

               उक्त बातें केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने राजस्थान के जैसलमेर में सीमा सुरक्षा बल के 57 वें स्थापना दिवस समारोह कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर संबोधित करते हुये कही। इस दौरान उन्होंने परेड की सलामी ली , बीएसएफ के जवानों ने उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया। परेड में पहली बार बीएसएफ का महिला दस्ता भी शामिल हुआ। इस दौरान गृहमंत्री ने सीमा सुरक्षा बल के कर्मियों को उनके अदम्य , साहस , वीरता और उत्कृष्ट सेवा के लिये पदक प्रदान किये। जैसलमेर के साथ-साथ विदेशी मेहमान भी इस कार्यक्रम के साक्षी बनें। कार्यक्रम को संबोधित करते हुये गृहमंत्री ने कहा आज बीएसएफ का 57वां स्थापना दिवस है। स्थापना के बाद पहली बार आज बीएसएफ का स्थापना दिवस देश की सीमा के जिले में मनाने का निर्णय लिया गया है , इस परंपरा को जारी रखना चाहिये। ये स्थापना दिवस आजादी के अमृत महोत्सव काल में मनाया जा रहा है। 

देश भर के पुलिस बल , सीमा सुरक्षा बल और सीएपीएफ के 35,000 से अधिक जवानों ने अलग-अलग जगह पर अपना बलिदान दिया है , बीएसएफ में इसमें अग्रणी है। मैं सर्वोच्च बलिदान देने वाले सभी वीर जवानों को प्रधानमंत्री और देश की तरफ से श्रद्धांजलि देता हूं। उन्होंने आगे कहा प्रधानमंत्री सीमाओं के प्रहरियों के प्रति हमेशा संवेदनशील रहे हैं। मोदी सरकार ने सशस्त्र बलों के परिवारजनों को पूर्ण स्वास्थ्य कवर प्रदान किया गया है , जिसके तहत एक कार्ड के द्वारा परिजन आसानी से इसका लाभ ले सकते हैं। वर्ष 2014 से देश की सीमाओं की सुरक्षा को गंभीरता से भारत सरकार ने लिया है। जहां-जहां भी सीमा पर अतिक्रमण करने का प्रयास हुआ , हमने तुरंत जवाबी कार्रवाई की है। हमारी सीमा को और हमारे जवानों को कोई हल्के में नहीं ले सकता , ये संदेश भारत ने दिया है। सीमाओं की सुरक्षा का जिक्र करते हुये गृहमंत्री ने कहा - प्रधानमंत्री  के नेतृत्व में केंद्र सरकार के लिये सीमाओं की सुरक्षा का मतलब ही राष्ट्र की सुरक्षा है। 

आप सीमाओं की सुरक्षा कर रहे हैं , तो आप पूरे देश को सुरक्षित करने का काम कर रहे हैं। हमारी सीमायें जितनी सुरक्षित होंगी , सीमावर्ती क्षेत्र भी उतना ही सुरक्षित होगा। सीमावर्ती क्षेत्रों को सुरक्षित रखने के लिये और बेहतर सुविधायें देने के लिये ढेर सारी योजनायें मोदी सरकार ने बनायी है।मोदी सरकार ने सीमाओं पर घुसपैठ पर त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित की है। विश्व में उपलब्ध आधुनिक से आधुनिक तकनीक आपको और सीमा सुरक्षा बल को उपलब्ध करायी जायेगी। केंद्र सरकार इसके लिये प्रतिबद्ध है। बल में पचास हजार जवानों की भर्ती का काम पूरा हो गया है। भर्तियों की संख्या और बढ़ाने के लिये हम निश्चित प्रयास करेंगे। बताते चलें सीमा सुरक्षा बल का गठन 01 दिसंबर 1965 को भारत की सीमाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिये एक एकीकृत केंद्रीय एजेंसी के रूप में किया गया था। वर्तमान में बीएसएफ दुनियां का सबसे बड़ा सीमा सुरक्षा बल है।

जैसलमेर के बाद गृहमंत्री अमित शाह जयपुर पहुंचे। यहां हवाई अड्डे में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया एवं अन्य नेताओं ने उनकी अगवानी की। इसके बाद उनका काफिला सीतापुरा इलाके की ओर रवाना हुआ। वे  सीतापुरा स्थित जेईसीसी कन्वेशन्स सेन्टर में बीजेपी की प्रदेश कार्यसमिति की दो दिवसीय बैठक में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने अपने संबोधन में कई मुद्दों पर विपक्ष से लेकर राज्य सरकार को जमकर घेरा। उन्होंने कहा कि पूरे राजस्थान में लॉ एंड ऑर्डर की व्याख्या ही बदल गई है। लॉ एंड ऑर्डर का मतलब होता है कानून और व्यवस्था , लेकिन गहलोत ने लॉ एंड ऑर्डर का मतलब कर दिया है कि लो और ऑर्डर करो। राजस्थान की गहलोत सरकार पूरी भ्रष्ट सरकार है। पेट्रोल- डीजल के मुद्दे पर उन्होंने  कहा कि केंद्र सरकार की ओर से जनता को राहत देने के लिये एक्साइज घटाया। कीमतों को कम किया ,

 लेकिन सीएम गहलोत को तिजौरी प्यारी है। उन्हें जनता से प्यार नहीं है , लिहाजा वो जनता को राहत नहीं देना चाहते। उन्होंने राम मंदिर के मुद्दे पर भी अपनी बात रखते हुये विपक्ष पर कटाक्ष करते हुये कहा कि विपक्ष नारे लगाता था कि 'मंदिर वहीं बनायेंगे - तारीख नहीं बतायेंगे। देख लीजिये आज पीएम मोदी के नेतृत्व में भव्य राम मंदिर का निर्माण हो रहा है। गृहमंत्री शाह ने अपने संबोधन की शुरुआत राजस्थान प्रदेश की गौरव गुणगान से की। उन्होंने कहा कि राजस्थान की भूमि पूरे देश को गौरवान्वित करने वाली भूमि है। हम वर्ष 2023 में दो तिहाई बहुमत से बीजेपी की सरकार बनायेंगे। उन्होंने आगे कहा कि वर्ष 2019 में राजस्थान ने 25 में से 23 सीट का आर्शीवाद दिया था , ऐसे में हमें पूरा विश्वास है कि जनता हमें आगे भी आर्शीवाद देगी।

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