सी एन आई न्यूज़ के लिए पुरुषोत्तम जोशी
आज इस साल का दूसरा और अंतिम सूर्य ग्रहण लगने जा रहा है।
आज मंगलवार को सूर्य ग्रहण शाम 4.29मिनट से लेकर 5.42तक लगेगा।अलग-अलग स्थानों में समय अलग -अलग होगा।
ग्रहण लगने के 12 घंटे पहले से सूतक प्रभावशील हो जाता है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ग्रहण को अशुभ माना जाता है।
वहीं वैज्ञानिक दृष्टिकोण से इसे खगोलीय घटना के रूप में देखा जाता है। सूर्य ग्रहण अमावस्या तिथि पर ही लगता है।
खगोल शास्त्र के अनुसार,जब सूर्य, चंद्रमा और पृथ्वी एक सीध में आ जाते हैं, तो इस खगोलीय घटना को सूर्य ग्रहण कहते हैं।इसका वैज्ञानिक और धार्मिक दृष्टिकोण से अलग -अलग महत्व है।
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार ग्रहण का असर कुछ राशियों के लिए फलदायी है, वहीं कुछ राशियों पर अशुभ होने की आशंका जताई है।
ग्रहण के दौरान सूतक लगने पर खानेपीने की सभी सामग्रीयों में तुलसी के पत्ते डालें जाते हैं,ऐसा करने से नकारात्मक किरणों का असर खानेपीने कि चीजों पर नहीं पड़ता।
ग्रहण के दौरान भगवान का स्मरण एवं भजन कीर्तन करना चाहिए।
ग्रहण काल में किसी प्रकार का शुभ कार्य नहीं करना चाहिए
ग्रहण मोक्ष होने पर गंगाजल जल से स्नान करना चाहिए और पूरे घर में गंगा जल का छिड़काव करें।
ग्रहण के बाद किया गया दान जीवन में सुख समृद्धि और शांति, खुशहाली लाता है।



















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