महासमुंद ,05 अगस्त 2021/ शासकीय माता कर्मा कन्या महाविद्यालय महासमुन्द में आज समाजशास्त्र विभाग एवं आईक्यूएसी के तत्वाधान में "नरवा, गरवा, घुरूवा, बारी और समाज" विषय पर राष्ट्रीय वेबीनार का आयोजन किया गया। उक्त आयोजन का उद्देश्य शासन की महत्वकांक्षी योजना से लोगों को अवगत कराना और छत्तीसगढ़ी समाज की संस्कृति का संरक्षण देना और प्रोत्साहित करना था।
वेबीनार के प्रथम वक्ता डॉ. नारायण साहू वरिष्ठ कृषि वैज्ञानिक और प्रमुख कृषि विज्ञान केन्द्र दन्तेवाड़ा. इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर रहे। उन्होंने अपने उद्बोधन में इस योजना की मूल बातों उद्देश्य, कियान्वयन का तरीका एवं व्यवहारात्मक प्रयोग पर अपने विचार रखे।
वेबीनार के द्वितीय वक्ता के रूप में डॉ. एल. एस. गजपाल, विभागाध्यक्ष, समाजशास्त्र एवं समाजकार्य पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय रायपुर रहे उन्होंने नरवा, गरवा, घुरूवा, बारी और समाज का छत्तीसगढ़ी संस्कृति तीज त्यौहार, खान-पान से जोडकर महत्व बताया और उक्त योजना को मूल संस्कृति के आधुनिकीकरण के रूप में प्रस्तुत किया।
वेबीनार में तृतीय वक्ता और आम किसान के रूप में डोशन साहू, ग्राम कोंगियाखुर्द, तह. साजा, जिला-बेमेतरा ने योजना में आने वाली तकनीकी कमियों पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम के संरक्षक के रूप में महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. रमेश कुमार देवांगन ने स्वागत उद्बोधन दिया साथ ही उन्होंने शासन की योजना पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का संचालन वी. के. साहू विभागाध्यक्ष समाजशास्त्र एवं कार्यक्रम समन्वयक ने किया। इस कार्यक्रम के लिए व्याख्यान समग्र एवं धन्यवाद ज्ञापन भूगोल की विभागाध्यक्ष डॉ. शालिनी वर्मा द्वारा किया गया। इस वेबीनार में कई राज्यों से जुड़े लखनउ, दिल्ली, केरल, उज्जैन, महाराष्ट्र, पुणे, औरंगाबाद, गाजियाबाद, उतराखण्ड आदि से हजारों प्रतिभागी गुगल मीट एवं यूट्यूब के माध्यम से जुड़कर लाभान्वित हुए।
महाविद्यालयीन स्टॉफ के सहायक प्राध्यापक प्राध्यापक डॉ. एस. बी. कुमार डॉ. शालिनी वर्मा, डॉ. सरस्वती वर्मा, डॉ. स्वेतलाना नागल, ग्रंथपाल अजय कुमार श्रीवास, कार्यालयीन स्टॉफ फलेश्वर दीवान, गजपति पटेल, लेखराज बंजारे, अहिल्या लहरे व विनोद बजारे ने सम्पूर्ण कार्यक्रम में सार्थक सहयोग प्रदान किया।



















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