Breaking

अपनी भाषा चुने

POPUP ADD

सी एन आई न्यूज़

सी एन आई न्यूज़ रिपोर्टर/ जिला ब्यूरो/ संवाददाता नियुक्ति कर रहा है - छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेशओडिशा, झारखण्ड, बिहार, महाराष्ट्राबंगाल, पंजाब, गुजरात, आंध्रप्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटका, हिमाचल प्रदेश, वेस्ट बंगाल, एन सी आर दिल्ली, कोलकत्ता, राजस्थान, केरला, तमिलनाडु - इन राज्यों में - क्या आप सी एन आई न्यूज़ के साथ जुड़के कार्य करना चाहते होसी एन आई न्यूज़ (सेंट्रल न्यूज़ इंडिया) से जुड़ने के लिए हमसे संपर्क करे : हितेश मानिकपुरी - मो. नं. : 9516754504 ◘ मोहम्मद अज़हर हनफ़ी - मो. नं. : 7869203309 ◘ सोना दीवान - मो. नं. : 9827138395 ◘ आशुतोष विश्वकर्मा - मो. नं. : 8839215630 ◘ सोना दीवान - मो. नं. : 9827138395 ◘ शिकायत के लिए क्लिक करें - Click here ◘ फेसबुक  : cninews ◘ रजिस्ट्रेशन नं. : • Reg. No.: EN-ANMA/CG391732EC • Reg. No.: CG14D0018162 

Wednesday, April 27, 2022

बिरसा जिला सहकारी बैंक के उपभोक्ता परेशान, अधिकारी मौन

 बिरसा जिला सहकारी बैंक के उपभोक्ता परेशान, अधिकारी मौन



(शिवशंकर पाण्डेय जिला ब्यूरो)


बिरसा/बालाघाट।जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित शाखा बिरसा के अधिकारियों की भर्रा शाही से उपभोक्ता काफी परेशान हो रहे हैं।उक्त बैंक में उपभोक्ताओं के लिए बैठने तक कि व्यवस्था नही है।धूप हो या प्रचंड गर्मी,बारिश हो या ठंडी हर मौसम में उक्त बैंक के उपभोक्ता बाहर खड़े होकर अपने बारी का इंतजार करते हैं।इस प्रचंड गर्मी में जब सभी अपने घरों में दुबक कर आराम कर रहे होते है तब जिला सहकारी बैंक बिरसा के उपभोक्ता बैंक के बाहर खड़े होकर धूप में अपने आप को जला रहे होते हैं जिसकी खास वजह है बैंक के अधिकारी कर्मचारियों की लेटलतीफी व अपने कार्य के प्रति लापरवाह होना।जिसकी सजा सीधे साधे उपभोक्ता भुगत रहे होते है।बैंक के बाहर न पेयजल की व्यवस्था है और न ही छांव के लिए शेड है।तो क्या ऐसे में उपभोक्ताओं के साथ बैंक छलावा नही कर रहा है?क्या उपभोक्ताओं को इस भीषण गर्मी में छांव में बैठकर लेन देन करने का अधिकार नही है?आखिर क्यों इतना बेरहम बना हुआ है बिरसा जिला सहकारी बैंक?क्या बैंक का कोई दायित्व नही है कि बैंक के उपभोक्ताओं को उक्त सुविधा उपलब्ध कराएं?


कभी सर्वर तो कभी बिजली की समस्या


जिला सहकारी बैंक बिरसा में कभी सर्वर डाउन है तो कभी बिजली नही है कहकर उपभोक्ताओं को मानसिक व शारीरिक तनाव देकर परेशान किया जाता है।चूंकि बैंक के ज्यादातर ग्रामीण उपभोक्ता होते है जो कभी खाद के लिए तो कभी लोन के लिए आते हैं जिनको घंटो उक्त बहाना बनाकर बाहर इंतजार करने को कहा जाता है।जो इस भीषण गर्मी में बैंक के उपभोक्ताओं के साथ धोखा करने व टार्चर देने जैसा ही है।चूंकि जिला सहकारी बैंक के कर्मचारियों की भर्राशाही किसी से छिपी नही है इसलिए ग्रामीणों के सब्र का बांध टुटे इसके पहले बैंक को अपने उपभोक्ताओं के लिए समुचित व्यवस्था कर लेनी चाहिए जिससे इस भीषण गर्मी में बैंक के उपभोक्ताओं को राहत मिल सके।इस मामले पर जिला सहकारी बैंक के जिला महाप्रबंधक राजीव सोनी से जब दूरभाष से संपर्क किया गया तो साहब ने फोन उठाना भी मुनासिब नहीं समझा जिससे अधिकारियों की तानाशाही या भर्राशाही साफ दिखाई देती है।

No comments:

Post a Comment

Please do not enter any spam link in the comment box.

Hz Add

Post Top Ad