मुंगेली पथरिया
मुंगेली से सुखबली खरे के साथ कीर्तिमान साहू की रिपोर्ट
सरगांव स्थित 30 बिस्तर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में देर रात गंभीर पेट दर्द व सिर दर्द की शिकायत लेकर पहुंचे पत्रकार सहित आम जनता को हॉस्पिटल में मौजूद चिकित्सक के दुर्व्यवहार का सामना करना पड़ा । इस मामले से संबंधित वीडियो वायरल होरही है । इस मामले के संबंध में विश्वस्त सूत्रों के अनुसार कल देर रात बुखार सिर दर्द बेचैनी और गंभीर पेट दर्द को लेकर नवभारत के संवाददाता रजा मेमन, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरगांव में अपना इलाज कराने के लिए आए थे । डॉक्टर के द्वारा उन्हें इंजेक्शन और दवाइयां देकर घर जाने के लिए कहा गया रात बीमारी और बढता हुआ देख मरीज पुनः पत्रकार रजा मेंमन को हॉस्पिटल लाया गया । पत्रकार के द्वा
ड्यूटी में पदस्थ चिकित्सक के द्वारा इस दौरान यह कहा जाना बेहद दुखद था कि, "मुंगेली कलेक्टर भी मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकते " । पत्रकार के अलावे इलाज करने के लिए आए हुए अन्य मरीजों को भी डॉक्टर के गुस्से और कोप भाजन का शिकार बनना पड़ा । मौके से पत्रकार व ग्रामवासी चुपचाप चले गए किंतु वायरल वीडियो से यह स्पष्ट हो गया कि किस प्रकार आम जनता से दुर्व्यवहार किया जाता है । आम जनता से रोजाना होने वाले दुर्व्यवहार के बहुत सारे ऐसे मामले सामने आ रहे हैं जिनमें वीडियो में दिखलाई देने वाले 9 सदस्य चिकित्सक का नाम सामने आ रहा है। बताया जाता है कि इन चिकित्सक की नवीन पदस्थापना होने के बाद से यह आम जनता और मरीजों के साथ दुर्व्यवहार करने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ते । स्वास्थ्य अधिकारी जयंत टोप्पो से जानकारी लेनेसे बताया गया कि घटना की जानकारी है मुझे अपने उच्चाधिकारियों को इसे औगत करादिया हूं
पत्रकार रजा मेमन का कहना था कि उनकी बातोसे राजनीतिक पहुंच और पहचान को इंगित करता है । वहीं दूसरी ओर इस मामले से जुड़ा हुआ सबसे दुखद पहलू यह है कि कोविड-19 के संक्रमण काल के बीच में जब सभी निजी चिकित्सकों के दरवाजे रात को बंद हो जाते हैं ऐसी परिस्थिति में 24 घंटे चलने वाला स्वास्थ्य केंद्र आम जनता के बीमारी के उपचार के लिए एक कारगर संसाधन केंद्र के रूप में अपनी पहचान बना रहा था लेकिन ऐसे चिकित्सकों की वजह से आम जनता का भी स्वास्थ्य केंद्र से विश्वास उठता चला जा रहा है । सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरगांव में 8 एमबीबीएस डॉक्टर का स्टाफ है । सीनियर डॉक्टर श्री जयंत टोप्पो और महिलेश्वर डॉक्टर को छोड़कर अन्य सभी स्टाफ नए है । काफिदिनोसे लोगोका विश्वास सराहनीय रहा है जिससे मरीज दिन-ब-दिन बढ़ते संख्या में अस्पताल का लाभ उठाते नजर आ रहे थे परंतु अगर ऐसा व्यवहार बना रहा तो लोगों का विश्वास हटता नजर आएगा देखने वाली बात यह होगी के पत्रकार राजा मेमन द्वारा उच्च पदाधिकारियों को लिखित शिकायत कर घटना की जानकारी दी गई है एवं समाचार पत्र में प्रकाशन उपरांत स्वास्थ्य विभाग का बड़ा हमला इस अव्यवस्था का व्यवहार को बनाने के लिए क्या कदम उठाती है


















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